PollyStop
🇮🇳 Hindi Getting started Situational

दो किलो धैर्य

A first trip to the local market with a vendor who refuses to let her leave with the wrong tomatoes.

Start reading
दो किलो धैर्य

Read at your pace. The full app adds translation and saved vocabulary.

Keep it on your phone →

शनिवार की सुबह, अना पहली बार बाज़ार गई। वह सप्ताह भर के लिए फल और सब्जियाँ खरीदना चाहती थी। बाज़ार में लोगों की भीड़, आवाज़ें और चमकीले रंग भरे हुए थे।

वह टमाटर वाली एक छोटी दुकान पर रुकी। "कितने के हैं?" उसने पूछा। मेज़ के पीछे खड़े बुज़ुर्ग आदमी ने उसकी तरफ देखा। "सल...

वह टमाटर वाली एक छोटी दुकान पर रुकी। "कितने के हैं?" उसने पूछा। मेज़ के पीछे खड़े बुज़ुर्ग आदमी ने उसकी तरफ देखा। "सलाद के लिए या सॉस के लिए?" उसने कहा। अना को समझ नहीं आया कि क्या जवाब दे।

"सलाद के लिए," उसने आखिर में कहा। आदमी ने सिर हिलाया। उसने एक डिब्बे की तरफ इशारा किया। "ये सलाद के लिए हैं। सख्त हैं...

"सलाद के लिए," उसने आखिर में कहा। आदमी ने सिर हिलाया। उसने एक डिब्बे की तरफ इशारा किया। "ये सलाद के लिए हैं। सख्त हैं। अच्छा रंग है।" उसने दूसरे डिब्बे की तरफ इशारा किया। "ये सॉस के लिए हैं। नरम, बहुत लाल, मीठे।" वह मुस्कराया। "अलग टमाटर, अलग काम।"

अना ने दोनों डिब्बों से एक-एक किलो खरीदा। आदमी ने उन्हें सावधानी से कागज़ में लपेटा। उसने उसे तोहफे में एक छोटा नींबू...

अना ने दोनों डिब्बों से एक-एक किलो खरीदा। आदमी ने उन्हें सावधानी से कागज़ में लपेटा। उसने उसे तोहफे में एक छोटा नींबू दिया। "आपके सलाद के लिए," उसने कहा।

जब वह घर पहुँची, तो वह रसोई की मेज़ पर बैठकर अपने थैले को देखने लगी। उसे लगा जैसे उसने टमाटर से कहीं ज्यादा कुछ खरीदा...

जब वह घर पहुँची, तो वह रसोई की मेज़ पर बैठकर अपने थैले को देखने लगी। उसे लगा जैसे उसने टमाटर से कहीं ज्यादा कुछ खरीदा हो।

You just tried the loop

Now take the story with you.

PollyStop brings listening, saved vocabulary, speaking practice, and a fresh graded story together on your phone.

Learning on Android? Join the waitlist

Keep learning in PollyStop

Listen, save words, practise

Get the app